7th July 2008
पुचा मैंने के क्या हुआ कैसा है तो वो बोला अच्छा हूँ और अच्छा लग रहा है के मैं फिर अकेला हूँ। मैंने जब पूछा के ये सफर कैसा था तो उसने …
अध्ययन काल
तो वही मेरे उत्साह और उत्सव का ठोस आधार बन जाता है। जब मैं यह मान लेता हूँ कि “मैं नहीं समझ सकता!” - तो वह मेरे निरुत्साह और निराशा का …
Nanda Devi Raj Jat
चौसिंगा खाडू का जन्म लेना राजजात की एक खास बात है। चौसिंगा खाडू की पीठ पर नौटियाल और कुँवर लोग नन्दा के उपहार में होमकुण्ड तक ले …
अफसोस कामरेड
आने वाले कुछ वर्षों तक कांग्रेस और कॉमरेडों के बीच तनाव बना रहेगा, क्योंकि कांग्रेस जो परमाणु करार करने जा रही है, उसे वामपंथी खेमा …
गब्बर की चाल (समापन किस्त )
हमें लगने लगा था कहीं ऐसा तो नही गब्बर किसनवा को मरने से पहले खूब हसना चाहता है .किसनवा को हँसता देख हमें उस पर तरस आने लगा था . …
मेरे भीतर कुछ मर गया
मेरा देश एक है आसमान में गरजते बादल की तरह जो धरती पर गिरते वक़्त बूंदों में बंट जाता है एक दो नहीं बल्कि असंख्य थोड़ी देर बाद वही …
स्त्रियां
मैंने देखा है उन्हें ऐन पगलाहट के क्षणों में भी होश संभाले चीख़ते-चिल्लाते तानाशाह के कदमों से अपने मारे जा चुके बेटों को उठाते …