क्या चाहती हैं महिलाएं
उनमें से एक कारण उनका स्वभाव व सामाजिक संरचना है. सही वक्त पर प्रदर्शित किया गया सही भाव या कहा गया शब्द एक महिला को प्यार की …
[~~~~ विचार धारा..] श्रद्धांजलि
सुबह जल्दी जागा, उसको परवाह नही की क्या हो रहा है बाहरी दुनिया में, जल्दी से नहा धोकर अपने ठेले को लेकर , उसमें सारा चाट का सामान …
वो ज़मीन वो आसमान कहाँ <b>है</b>?
रूह बरबस ही पूछती है ,दीवाने तेरा मकान कहाँ है ,. हम अहद [वक्त] के मारों का पैकर[जिस्म]-ऐ -निशाँ कहाँ है । कुछ लुत्फ़ उठा लेते हैं यूँ …
महिलाओं की उत्तेजना को समझना
इनमें से कुछ को ही चरमोत्कर्ष की प्राप्ति के लिये हल्के उकसावे की अलग से आवश्यकता होती है- कई बार तो कल्पनाशीलता ही पर्याप्त होती …
बस का सफ़र ... या बस का suffer
अजी मन्ने तो समझ कोना आवे, यो के करण लाग रा है!!! खिड़की तै मूह बार निकल कई चिल्ला रा है दिल्ली दिल्ली, अरे खिड़की के अंदर भी झाँक लै, …
गाँधी फ़िर चर्चा में
क्या किया जा सकता है? उड़नतश्तरी पर गाँधी जी की हालत देख कर लगा कि गाँधी जी पर कुछ लिखा जाए, कुछ ऐसा जो लोगों के मन में रहता है पर …
जुग जुग जियो जुगल जोड़ी...
युग, जुआ ( हल), जुग और जुगल जैसे शब्दों में रिश्तेदारी की कल्पना करना यूं तो मुश्किल है मगर ये सचमुच एक दूसरे के संबंधी हैं। …